साइकिल चलाना कैसे सीखें? 7 दिन का आसान तरीका, हर उम्र के लिए
नमस्कार दोस्तों, स्वागत है आपका हमारे एक और article में। आज के इस article में हम बात करने वाले हैं कि आप cycle चलाना कैसे सीख सकते हो। इसकी खास बात यह है कि यह उन सबके लिए जो cycle सीखना चाहते हैं, चाहे आपकी उम्र पांच साल हो, चाहे आपकी उम्र 50 साल हो, हमने इसको इस तरीके से लिखा है कि चाहे बच्चे सीखना चाहते हैं, चाहे बच्चों के बाप या बच्चों के दादा, कोई भी सीखना चाहे, वो सीख जाएंगे। तो चलिए, फिर शुरुआत करते हैं और जानते हैं कि कैसे आप cycle चलाना सीख सकते हो।
यह guide दो लोगों के लिए लिखी है।
पहला वो बच्चा, जिसकी नई साइकिल आ चुकी है और घरवाले पीछे भागते-भागते थक गए हैं दूसरा वो, जिसकी उम्र 25, 30 या 40 पार हो चुकी है और जिसने आज तक किसी को नहीं बताया कि उसे साइकिल चलानी नहीं आती College में दोस्त निकल जाते थे, आप “मन नहीं है” बोलकर रुक जाते थे वो झिझक आज तक साथ है।
दोनों के लिए खुशखबरी एक ही है साइकिल चलाना कैसे सीखें, इसका तरीका उम्र देखकर नहीं बदलता जो तरीका 8 साल के बच्चे पर काम करता है, वही 38 साल वाले पर करता है और सही तरीके से करो तो ज्यादातर लोग 3 से 7 दिन में चलाना सीख जाते हैं कुछ तो पहले ही दिन
गलत तरीके से सीखने वाले महीनों गिरते रहते हैं फर्क तरीके का है, हिम्मत का नहीं।तो चलिए, फिर जानते हैं क्या है सही तरीका Cycle सीखने का, जिससे आप सबसे जल्दी और सबसे सही तरीके से Cycle चलाना सीख जाएंगे।
पूरा खेल सिर्फ दो चीजों का है
साइकिल चलाने के लिए सबसे जरूरी क्या है? लोगों को लगता है कि cycle सीखने के लिए सबसे जरूरी है pedal मारना, लेकिन नहीं cycle सीखने के लिए सबसे जरूरी है balance और नजर
Balance मतलब साइकिल के साथ शरीर का तालमेल और नजर मतलब हमेशा वहाँ देखना जहाँ जाना है, अगले पहिये पर नहीं जो लोग पहिये को घूरते हैं, वो वहीं गिरते हैं जहाँ देख रहे होते हैं सुनने में अजीब लगेगा, पर साइकिल वहीं जाती है जहाँ आपकी नजर जाती है।
लोग सबसे बड़ी गलती करते हैं कि वो जहां जाना है, उसकी तरफ नजर रखने के बजाय अपने पैरों की तरफ देखते हैं, जहां वो pedal मार रहे हैं, और इसी कारण उनका balance बिगड़ जाता है और वो गिर जाते हैं।
बाकी सब, pedal, brake, ghanti, यह सब बाद की बातें हैं। इसीलिए इस तरीके में हम pedal सबसे आखिर में सीखेंगे हाँ, आखिर में। यही इस पूरी guide का राज है।
साइकल सीखना शुरू करने से पहले 5 मिनट का काम
Cycle सीखने से पहले जरूरी है cycle और जगह decide करना। ये पांच minute ही decide करते हैं कि आप cycle सही से सीखोगे या cycle गिरा दोगे।
- Seat इतनी नीचे करो कि साइकिल पर बैठे-बैठे दोनों पैर पूरे जमीन पर flat टिकें एड़ी तक यह इस पूरे article की सबसे जरूरी line है पैर जमीन पर टिकते हैं तो गिरने का डर आधा हो जाता है, और डर गया तो balance अपने आप आने लगता है।
- जगह खुली और समतल हो School का मैदान, खाली park, सोसाइटी का सूना कोना ढलान बिल्कुल नहीं, पहले दिन ढलान दुश्मन है।
- जूते पहनो, चप्पल नहीं चप्पल pedal से फिसलती है और अंगूठा वही सबसे पहले रगड़ खाता है।
- दोनों brake दबाकर देख लो रुकना आना चाहिए, इसके पहले कि चलना आए।
- बड़े सीख रहे हो तो सुबह का time चुनो मैदान खाली, देखने वाले कम, और गर्मी भी नहीं।
पहला दिन: pedal भूल जाओ
आज pedal छूना भी नहीं है आज सिर्फ balance
साइकिल पर बैठो, दोनों पैर जमीन पर अब पैरों से धक्का देकर साइकिल को आगे सरकाओ, जैसे बैठे-बैठे चल रहे हो धीरे-धीरे धक्के लंबे करो जब रफ्तार थोड़ी बन जाए, दोनों पैर एक second के लिए जमीन से उठा लो और साइकिल को सरकने दो।
पहली बार एक second भी बहुत है डगमगाओगे, पैर फौरन जमीन पर आ जाएंगे कोई बात नहीं, यही तो practice है धक्का, पैर ऊपर, सरको, पैर नीचे। बार-बार।
नजर पूरे time सामने, 10-15 कदम दूर, पहिये पर नहीं, जमीन पर नहीं सामने।
एक-दो घंटे में आप 5-10 second तक पैर उठाकर सरकने लगोगे जिस पल यह होने लगा, समझ लो साइकिल चलाना सीख गए। सच में। बाकी सब formality है।
चाहो तो mechanic से pedal खुलवा भी सकते हो, 2 मिनट का काम है और पैर हिलाने की पूरी जगह मिल जाती है। पर seat नीचे है तो pedal लगे रहने से भी काम चल जाता है।
दूसरा-तीसरा दिन: पहले रुकना, फिर चलना
दूसरे दिन सरकते-सरकते brake दबाना सीखो दोनों brake एक साथ, हल्के हाथ से झटके से नहीं, दबाते हुए। सरको, brake, रुको। दस-बीस बार। शरीर को रुकने का भरोसा हो गया तो चलने की हिम्मत दुगनी हो जाती है।
तीसरे दिन pedal की entry होती है। एक pedal को ऊपर की तरफ रखो, घड़ी में 2 बजे वाली position पर। उस पर पैर रखकर एक जोरदार धक्का, साथ में दूसरे पैर से जमीन का push, और दूसरा पैर दूसरे pedal पर। पहले 2-4 चक्कर मारो और रुक जाओ। फिर 6 चक्कर। फिर गिनती छोड़ दो।
यहीं पर वो जादुई पल आता है जब आपको अचानक लगता है, अरे, मैं तो चला रहा हूँ। उस पल को जी लेना, जिंदगी में एक ही बार आता है।
बाकी हफ्ते का हिसाब यह रहा:
| दिन | काम | कितना time | कामयाबी की निशानी |
|---|---|---|---|
| 1 | सरकना और balance | 1-2 घंटे | 5-10 second पैर उठाकर सरक लेते हो |
| 2 | सरकते हुए brake | 30-45 मिनट | बिना घबराए रुक लेते हो |
| 3 | पहले pedal | 1 घंटा | 8-10 pedal लगातार चल जाते हैं |
| 4-5 | लंबी दूरी, हल्के मोड़ | रोज 30-45 मिनट | मैदान के 2-3 चक्कर आराम से |
| 6 | 8 के आकार में चलाना | 30 मिनट | दोनों तरफ मोड़ में भरोसा |
| 7 | खाली गली में असली दुनिया | 30 मिनट | रुकना, चलना, मुड़ना, सब अपने बस में |
किसी का दिन 3 हफ्ता भी बन सकता है। बनने दो। race किसी से नहीं है।
बच्चे को सिखा रहे हो तो यह पढ़ो
सबसे पहले एक कड़वी बात Side वाले सहारे के पहिये balance सिखाते नहीं, रोकते हैं। बच्चा उन पर टिक कर चलाना सीख जाता है और असली balance और पीछे खिसक जाता है। इससे अच्छा है pedal या side wheels हटाओ, seat नीचे करो, और वही सरकने वाला तरीका। 4-6 साल के बच्चे इसी से हफ्ते भर में सीख जाते हैं।
पीछे से पकड़ना ही है तो बच्चे के कंधे या पीठ पकड़ो, साइकिल की seat नहीं। Seat पकड़ोगे तो balance आप बना रहे हो, बच्चा नहीं। उसे डगमगाने दो, डगमगाना ही सीखना है।
उम्र के हिसाब से इतना फर्क जरूर रखो:
| उम्र | साइकिल | तरीका |
|---|---|---|
| 4-6 साल | 14-16 इंच, seat सबसे नीचे | सरकना, side wheels नहीं |
| 7-12 साल | 20 इंच के आसपास | पूरा 7 दिन वाला plan |
| Teenager और बड़े | Normal size, seat नीचे | वही plan, बस मैदान सूना चुनो |
और तारीफ करते रहो। हर छोटी कामयाबी पर। बच्चा डर से नहीं सीखता, जोश से सीखता है।
30 पार कर चुके हो? यह हिस्सा सिर्फ तुम्हारा है
पहली बात- शर्म वाली कोई बात नहीं है इस देश में लाखों लोग हैं जिन्हें बचपन में साइकिल नहीं मिली, मौका नहीं मिला, या लड़कियों को सिखाई ही नहीं गई। ना सीख पाना आपकी गलती कभी थी ही नहीं। अब सीख लेना पूरी तरह आपके हाथ में है।
तरीका वही है जो ऊपर लिखा है, एक अक्षर नहीं बदलता। बस तीन चीजें अपने लिए जोड़ लो।
सुबह 6 बजे का मैदान चुनो। खाली रहता है, और जो दो-चार लोग होते हैं वो अपनी सैर में लगे होते हैं, आपमें किसी को दिलचस्पी नहीं है। यह बात जितनी जल्दी दिमाग मान ले, उतना अच्छा।
Ladies साइकिल मिले तो शुरुआत उसी से करो, चाहे आप कोई भी हों। बीच का डंडा नहीं होता तो चढ़ना-उतरना आसान रहता है और घबराहट में पैर फंसता नहीं। फर्क सिर्फ डंडे का ही नहीं है,
गिरने का डर है तो घास वाले किनारे practice करो और हाथ में कोई भी पुराने gloves पहन लो। सच यह है कि seat नीचे वाले तरीके में गिरने की नौबत ही मुश्किल से आती है, पैर तो जमीन पर ही हैं।
समय ईमानदारी से बता देता हूँ। बच्चे अक्सर 2-3 दिन में सीख जाते हैं, बड़ों को 5-10 दिन लग जाते हैं। शरीर नया संतुलन थोड़ा धीरे पकड़ता है, पर पकड़ता जरूर है। रोज 30-40 मिनट दो, हफ्ते-दस दिन में आप चला रहे होंगे।
और पहली साइकिल खरीदनी हो तो पैसे फूंकने की जरूरत नहीं, सीखने के लिए कौन सी सही रहेगी यह हम पहले लिख चुके हैं,गांव की कच्ची सड़क के लिए देसी लें या रेंजर
FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)
क्या 1 दिन में साइकिल चलाना सीख सकते हैं?
हाँ, कई लोग सीख जाते हैं, खासकर बच्चे और वो लोग जो seat नीचे करके सरकने वाला तरीका अपनाते हैं। 2-3 घंटे की सच्ची practice में balance आ सकता है। ना आए तो भी टेंशन नहीं, 3-7 दिन एकदम normal है।
क्या 30-40 की उम्र में साइकिल सीखना possible है?
हाँ, पूरी तरह। तरीका वही रहता है, बस 2-4 दिन ज्यादा लग सकते हैं। सुबह का खाली मैदान, नीची seat और रोज 30-40 मिनट, इतने में हफ्ते-दस दिन का काम है। उम्र balance नहीं रोकती, सिर्फ झिझक रोकती है।
साइकिल चलाने के लिए सबसे जरूरी क्या है?
Balance और नजर। साइकिल के साथ शरीर का तालमेल, और आँखें हमेशा सामने जहाँ जाना है। Pedal, brake और बाकी सब इसके बाद की बातें हैं।
साइकिल पर balance कैसे बनाएं?
Seat इतनी नीचे करो कि दोनों पैर जमीन पर टिकें, फिर pedal छुए बिना पैरों से धक्का देकर सरको और थोड़ी-थोड़ी देर पैर उठाओ। नजर सामने रखो, पहिये पर नहीं। यही सरकना 1-2 घंटे में balance सिखा देता है
क्या साइकिल चलाने से height बढ़ती है?
नहीं। Height genes और खान-पान से तय होती है, किसी exercise से नहीं। साइकिल से टांगों की ताकत और stamina जरूर बढ़ता है, पर लंबाई का दावा करने वाली बातें सिर्फ सुनी-सुनाई हैं।
क्या साइकिल चलाने से weight और पेट कम होता है?
Calorie जलती है, तो वजन घटाने में मदद जरूर मिलती है पर अकेली साइकिल जादू नहीं है, खाना भी साथ में सही रखना पड़ता है और सिर्फ पेट चुनकर कम नहीं होता, शरीर पूरा एक साथ घटता है रोज 30-45 मिनट चलाओ और खाने पर ध्यान दो, फर्क दिखेगा।
साइकिल चलाने के क्या-क्या फायदे हैं?
Fitness सबसे बड़ा, फिर जेब। ना petrol, ना किराया, ना parking की टेंशन ऊपर से सुबह की हवा और अपने बस की सवारी इस महंगाई में साइकिल अकेली चीज है जो चलाने पर पैसे बचाती है।
अकेले साइकिल कैसे सीखें, पकड़ने वाला कोई नहीं है?
इसी article का तरीका असल में बना ही अकेले सीखने वालों के लिए है Seat नीचे, पैर जमीन पर, सरको और balance खुद आएगा पकड़ने वाले की जरूरत उस पुराने गलत तरीके में थी, इसमें नहीं
सीखने की कोई सही उम्र नहीं होती। जब आप ठान लो, तब आप सीख सकते हो, और यह बस खेल है दिमाग का। तो जितना आप खुद को रोकोगे, उतना ही आप खुद को रोकते रहोगे। इसीलिए खुद को रोकना बंद करो और सीखना शुरू करो, क्योंकि सीखने की कोई उम्र नहीं होती।
यह था हमारा article: Cycle Bhaiya चलाना कैसे सीखें। इसके ऊपर हमने बहुत ही विस्तार से बात की कि सबसे आसान तरीके से कैसे आप Cycle चलाना है, वह सीख सकते हो। उम्मीद है आपको यह article पसंद आया होगा।
अगर आपके कोई सवाल है, सुझाव है या आप किसी अन्य विषय पर article या हमारा अनुभव जानना चाहते हैं, तो आप हमें comment में बता सकते हैं। मिलते हैं अगले article में तब तक के लिए. Bye, bye. धन्यवाद।
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